The mystery of Netaji’s Death : नेता जी सुभाषचंद्र बोस की मृत्यु (18 अगस्त 1945) की वजह विमान दुर्घटना – सच या झूठ
The mystery of Netaji’s Death: भारत के इतिहास में एक ऐसे महापुरुष थे जिन्होंने भारत को आज़ाद कराने के लिए अपना पूरा जीवन दे दिया. और इसी देश के कुछ नागरिकों ने उनके साथ सबसे बड़ा विश्वासघात किया. मैं बात कर रहा हूँ नेता जी सुभाष चन्द्र बोस के बारे में.
हमें पढाया और बताया गया की नेता जी सुभाषचंद्र बोस जी की मृत्यु आज के ही दिन 18 अगस्त को विमान दुर्घटना में हुई थी. वास्तव में बात 370 या CAA की नहीं थी तो सवाल उठाने का तो प्रश्न ही नहीं बनता. और हमने भी ये मान लिया की नेता जी की मृत्यु विमान दुर्घटना में हुई. और कुछ तो बुद्धिजीवि लोग सोशल मिडिया पर Death Anniversary मना रहे हैं. बिना ये जाने की विमान दुर्घटना में नेता जी के मृत्यु के कोई भी सबूत नहीं हैं.
मुखर्जी कमिसन क्यों बनाया गया
नेता जी की मृत्यु रहस्य को सुलझाने के लिए कोलकाता हाई कोर्ट के आर्डर से भारत सरकार ने एक मुखर्जी कमिसन बनाया. जब ये कमिसन विमान दुर्घटना की पूछताछ कर रही थी, तब पुरे सात गवाह जो इस घटना के दावेदार थे. जिन्होंने ये दावा किया था की नेता जी मृत्यु विमान दुर्घटना में हुई थी. पूछताछ में इन सभी ने माना की ये विमान दुर्घटना के समय वहां पर नहीं थे और इनके पास कोई सबूत भी नही हैं. इन लोगों का ऐसा कहना था की इन लोगों ने सुना है और इनका मानना है की नेता जी की मृत्यु विमान दुर्घटना में हुई है.

विमान दुर्घटना कहाँ हुआ और वहां की सरकार के क्या बयान थे
बताया गया था की विमान दुर्घटना ताईवान में हुआ था. जब कमिसन ताइवान के सरकार से इसके बारे में पूछा गया तो ताईवान की सरकार ने कहा की उनके यहाँ कोई विमान दुर्घटना हुआ ही नहीं है. विमान दुर्घटनाओं का हर देश के पास रिकॉर्ड होता है, अब इस दुर्घटना का उनके रिकॉर्ड में ना होना बहुत कुछ साफ़- साफ़ कह रहा है.


जापानीज मंदिर में रखे गए अवशेष नेता जी के हैं या नहीं? यहाँ तक के इस दुर्घटना के बारे में मुखर्जी कमिसन को कोई मेडिकल रिकॉर्ड भी नहीं मिला और ना ही नेता जी के डेड बॉडी की कोई तस्वीर. कई स्कॉलर का ये मानना है की ये अवशेष जापानीज सिपाही Ichiro Okara के हैं. Ichiro Okara का देहांत उसी के आस पास हुआ था.

पर हैरानी की बात ये है है जब मुखर्जी कमिसन ने 2003 में डीएनए टेस्ट की मांग की तो गवर्नमेंट ने मना कर दिया. Declassification of Document के बाद कारण पता चला. अगर डीएनए टेस्ट के बाद रिपोर्ट पॉजिटिव आ जाती है मतलब की डीएनए मैच कर जाता है तो कोई बात ही नहीं. अगर मैच नहीं हुआ तो जनता में बहुत हल्ला हो जायेगा इसीलिए डीएनए टेस्ट अभी के लिए रोक दो.
क्या आपको पता है की हमारे देश में एक छोटे से डीएनए टेस्ट के लिए सरकार इसे अमेरिका भेज देती है. अगर एक कांग्रेस लीडर के साथ ऐसा हुआ होता तो रोड पर लोग गाड़ियाँ चलाते कम जलाते ज्यादा. उदाहरण के लिए इंदिरा गाँधी की मृत्यु के बाद की कहानी काफी है.
मुखर्जी कमिसन का पूरा रिपोर्ट [ Netaji death mystery files ]
हमें इस इतिहास को मानना होगा की नेता जी के साथ जो हुआ वो गलत हुआ. अब क्या 18 अगस्त को नेता जी की पुण्यतिथि कहना सही है?




